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उत्‍तर प्रदेश खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड

उत्तर प्रदेश सरकार

प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम

यह योजना खादी और ग्रामोद्योग आयोग द्वारा 15 अगस्त, 2008 से प्रारम्भ की गयी है। यह योजना पूर्णतया भारत सरकार द्वारा प्रायोजित एक महत्वपूर्ण स्वरोजगार की योजना है, जिसका संचालन प्रदेश में तीन एजेन्सियों क्रमशः जिला उद्योग केन्द्र, खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग, एवं उ०प्र० खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा किया जाता है। भारत सरकार द्वारा उक्त योजना के क्रियान्वयन हेतु राष्ट्रीय स्तर पर खादी और ग्रामोद्योग आयोग, (के०वी०आर्इ०सी०) को नोडल एजेन्सी के रूप में नामित किया गया है। भारत सरकार द्वारा उक्त योजना के क्रियान्वयन में उपरोक्त तीनों एजेन्सियों के मध्य में 40:30:30: प्रतिशत का अनुपात निश्चित किया गया है। तद्नुसार ही तीनों एजेन्सियों को बजट एवं लक्ष्य का आंवटन प्राप्त होता है।

इस योजना को उत्तर प्रदेश खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रेां में क्रियान्वित किया जा रहा है। योजना के अन्तर्गत रू0 25.00 लाख तक परियोजना लागत के इकाईयों की स्थापना ग्रामीण क्षेत्र में करने हेतु बैंक के माध्यम से बेराजगार व्यक्तियों/ संस्थाओं आदि को ऋण स्वीकृत कराया जाता है। परियोजना लागत पर सामान्य पुरूष लाभार्थियों को 25 प्रतिशत मार्जिन मनी अनुदान खादी और ग्रामोद्योग आयेाग के बजट से ब्याज रहित ऋण के रूप से उपलब्ध कराया जाता है जो इकाई के सफल संचालन के उपरान्त तीन वर्ष में अनुदान में परिवर्तित हो जाता है। अनुसूचित जाति, जनजाति, अल्पसंख्यक, महिलाओं, विकलांग, भूतपूर्व सैनिक एवं निर्बल वर्ग के लाभार्थियों को 35 प्रतिशत मार्जिनमनी अनुदान उपलब्ध कराने का प्राविधान है। इसके अतिरिक्त सामान्य पुरूष वर्ग के उद्यमियों को परियोजना लागत का 10 प्रतिशत का अंशदान स्वयं वहन करना होता है एवं अनुसूचित जाति, जनजाति, अल्पसंख्यक, महिलाओं, विकलांग, भूतपूर्व सैनिक एवं निर्बल वर्ग के उद्यमियों को 5 प्रतिशत अंशदान स्वयं वहन करना करना होता है।

योजना का विवरण निम्नवत् है

  1. कार्यक्षेत्रः- उद्यम की स्थापना ग्रामीण क्षेत्र में ही अनुमन्य है।
  2. परियोजना का अधिकतम आकारः- रू०-25.00 लाख तक।
  3. पात्र उद्यमीः- 18 वर्ष से ऊपर आयु का पुरूष/महिला उद्यमी।
  4. आवेदन कैसे करें:- पीएमईजीपी योजनान्तर्गत ऑनलाइन आवेदन ही अनुमन्य है तथा कोई भी आवेदक www.kviconline.gov.in की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकता है तथा इस वेबसाइट पर योजना के सम्बन्ध में सम्पूर्ण दिशा-निर्देश एवं विस्तृत जानकारी उपलब्ध है।
  5. अपेक्षित दस्तावेजः- परियोजना शैक्षिक योग्यता प्रमाण पत्र, तकनीकी योग्यता प्रमाण-पत्र जाति प्रमाण-पत्र (जहां लागू हो) आदि।
  6. लाभार्थियों का चयनः- जिला मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय कार्यदल के माध्यम से होता है।
  7. परियोजना की मंजूरीः- तकनीकी आर्थिक व्यवहार्यता के अनुसार बैकों द्वारा परियोजना की मंजूरी प्रदान की जाती है।
  8. निजी अंशदानः- सामान्य श्रेणी के लाभार्थियों को परियोजना लागत का 10 प्रतिशत एवं आरक्षित श्रेणी के लाभार्थियों हेतु परियोजना लागत का 5 प्रतिशत तक निजी अंशदान लगाना होता है।

योजना के अन्तर्गत सरकारी सब्सिडी का स्तर

क्र० सं० प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अन्तर्गत लाभार्थियों की श्रेणी अनुमन्य उपादान की दर
1. सामान्य श्रेणी वर्ग प्रोजेक्ट कास्ट का 25%
2. आरक्षित वर्ग (अ०जा०, अ०ज०जा०, अ०पि०व०, अल्प संख्यक, महिला, पूर्व सैनिक, शारीरिक विकलांग) प्रोजेक्ट कास्ट का 35%

पात्र सम्भावित उद्योग समूहः-

समूह-1 खनिज आधारित उद्योग

समूह-2 वनाधारित उद्योग

समूह-3 कृषि आधारित और खाद्य उद्योग समूह-4 बहुलक और रसायन आधारित उद्योग
समूह-5 इन्जीनियरिग और गैर पराम्परागत ऊर्जा

समूह-6 वस्त्रोद्योग (खादी को छोड़कर)

समूह-7 सेवा उद्योग

 

पीएमईजीपी योजना की गत तीन वर्षों की वित्तीय एवं भौतिक प्रगति निम्नवत् हैः-

  लक्ष्य पूर्ति प्रति इकाई औसत निवेश (लाख रू० में)
क्र० वर्ष   स्थापित इ०सं० पूँजी निवेश (करोड़ में) रोजगार संख्या में खादी आयोग से प्राप्त मा०मनी (करोड़ में)
इ०सं० मा० मनी (करोड़ में) रोजगार
1. 2013-14 2475 41.36 29712 1499 145.62 14990 46.60 9.71
2. 2014-15 3105 39.72 24840 1495 159.46 14950 48.32 10.66
3. 2015-16 1793 35.86 14344 1253 130.00 12530 39.04 10.37
4. 2016-17 2806 56.12 22448 2035 187.47 20350